Bin Sajan Jhoola Jhulu [Jhankar]

by कुमार सानू




आ आ आ आ आ आ आ

बिन साजन झूला झूलु मैं वादा कैसे भूलु
बिन साजन झूला झूलु मैं वादा कैसे भूलु
जी करता है ये मेरा मैं उड़के गगन को छू लू

मैं पंख लगाके आया सावन का मौसम लाया
मैं पंख लगाके आया सावन का मौसम लाया
प्यार मेरे मैने तुझे अपने दिल मे बसाया

बिन साजन झूला झूलु मैं वादा कैसे भूलु

हर पल तेरे प्यार को तरसे मेरा दिल
दूर मेरे आँखो से है सपनो की मंज़िल
हर पल तेरे प्यार को तरसे मेरा दिल
दूर मेरे आँखो से है सपनो की मंज़िल
इतनी अकेली हू मैं यादो की सहेली हू मैं
अब तो एक पहेली हू मैं आजा

मैं पंख लगाके आया सावन का मौसम लाया
मैं पंख लगाके आया सावन का मौसम लाया
प्यार मेरे मैने तुझे अपने दिल मे बसाया

बिन साजन झूला झूलु मैं वादा कैसे भूलु
जी करता है ये मेरा मैं उड़के गगन को छू लू

मैं पंख लगाके आया सावन का मौसम लाया
प्यार मेरे मैने तुझे अपने दिल मे बसाया

बिन साजन झूला झूलु मैं वादा कैसे भूलु

तडपे कितने साल तक और ना अब तडपा
कहती है ये दूरिया सीने से लग जा

तेरा रसता देखते रहते थे ये नैन
तू ना जाने साजना कैसे कटे दिन रेन

हो फुलो पे जवानी आई रुत क्या सुहानी आई
नयी ज़िंदगानी लाई ना जा

बिन साजन झूला झूलु मैं वादा कैसे भूलु
बिन साजन झूला झूलु मैं वादा कैसे भूलु
जी करता है ये मेरा मैं उड़के गगन को छू लू

मैं पंख लगाके आया सावन का मौसम लाया
प्यार मेरे मैने तुझे अपने दिल मे बसाया

बिन साजन झूला झूलु मैं वादा कैसे भूलु
जी करता है ये मेरा मैं उड़के गगन को छू लू

मैं पंख लगाके आया सावन का मौसम लाया
प्यार मेरे मैने तुझे अपने दिल मे बसाया

Written by: SAMEER, NADEEM SHRAVAN, Nadeem-Shravan

Lyrics © Royalty Network

Lyrics Licensed & Provided by LyricFind

© Lyrics.com